22 फरवरी को उत्तर प्रदेश हिंदी संस्थान में होंगे सम्मानित
लखनऊ। बी.एम.एन सेवा संस्थान द्वारा वर्ष 2025 के सापेक्ष हिंदी साहित्य के युवा समालोचक एवं कवि प्रो. डॉ. यशवंत वीरोदय को ‘पार्वती मल्ल साहित्य श्री सम्मान’ के लिए चयनित किया गया है।
संस्थान की ओर से जारी सूचना के अनुसार सम्मान समारोह 22 फरवरी 2026 को अपराह्न 3:30 बजे उत्तर प्रदेश हिंदी संस्थान के निराला सभागार, हजरतगंज, लखनऊ में आयोजित होगा।
प्रो. वीरोदय हिंदी साहित्य के प्रतिष्ठित युवा आलोचक के रूप में जाने जाते हैं। उन्होंने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से उच्च शिक्षा प्राप्त की। उनकी प्रमुख कृतियों में ‘हिंदी साहित्य की मुख्य धारा’ (2010), ‘दलित शिखरों का साक्षात्कार’ (2013), ‘दलित साहित्य का सामाजिक सांस्कृतिक आधार’ (2018), ‘सत्ता विमर्श एवं अस्मिता विमर्श’ (2019) तथा ‘साहित्य का समाजशास्त्र’ (2019) शामिल हैं। उनकी पुस्तक ‘दलित शिखरों का साक्षात्कार’ को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सराहना मिली और बीबीसी लंदन की हिंदी सेवा ने वर्ष 2013 की महत्वपूर्ण पुस्तकों में शामिल किया।
उन्होंने फ्रांस, स्विट्जरलैंड, हॉलैंड और बेल्जियम सहित कई यूरोपीय देशों में हिंदी साहित्य का प्रतिनिधित्व किया। वर्तमान में वे डॉ. शकुंतला मिश्रा राष्ट्रीय पुनर्वास विश्वविद्यालय में हिंदी एवं अन्य भारतीय भाषा विभाग के प्रोफेसर एवं अध्यक्ष हैं।
सम्मान की घोषणा से साहित्यिक जगत में हर्ष की लहर है।

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