बस्ती। शिक्षकों की विभिन्न समस्याओं और लंबित मांगों को लेकर उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ ने गुरुवार को जिला प्रशासन के समक्ष आवाज बुलंद की। संघ के जनपदीय मंत्री बालकृष्ण ओझा के नेतृत्व में शिक्षक प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी और मुख्य विकास अधिकारी को चार सूत्रीय ज्ञापन सौंपकर मांगों के शीघ्र निस्तारण की अपील की।
ज्ञापन में 10 नवंबर को सदर तहसील में प्रस्तावित जनगणना प्रशिक्षण की तिथि बदलने की मांग प्रमुखता से उठाई गई। संघ का कहना है कि निर्धारित तिथि पर प्रशिक्षण में शामिल होने को लेकर शिक्षकों को होने वाली असुविधा को देखते हुए कार्यक्रम में बदलाव किया जाना चाहिए।
इसके अलावा शिक्षक पदोन्नति प्रक्रिया में उच्च प्राथमिक विद्यालयों के प्रधानाध्यापक पदों पर पहले पदोन्नति किए जाने तथा पदोन्नति में बैचवार वरीयता लागू करने की मांग की गई। संघ का तर्क है कि इस क्रम में पदोन्नति होने से आगे की प्रक्रिया में अधिक शिक्षकों को अवसर मिल सकेगा और बैचवार वरिष्ठता के आधार पर पदोन्नति मिलने से पारदर्शिता बनी रहेगी। साथ ही छोटी दीपावली पर अवकाश घोषित करने की मांग भी उठाई गई।
जिला मंत्री बालकृष्ण ओझा ने कहा कि शिक्षक लंबे समय से पदोन्नति की प्रतीक्षा कर रहे हैं। पदोन्नति प्रक्रिया में ऐसा क्रम अपनाया जाना चाहिए, जिससे अधिक से अधिक शिक्षकों को लाभ मिल सके। जिला कोषाध्यक्ष दुर्गेश यादव ने कहा कि जनगणना प्रशिक्षण की तिथि में बदलाव के साथ पदोन्नति प्रक्रिया को न्यायसंगत और पारदर्शी बनाया जाना जरूरी है।
जिला संगठन मंत्री अविनाश दुबे ने कहा कि शिक्षकों की मांगें पूरी तरह व्यावहारिक हैं। छोटी दीपावली पर अवकाश घोषित करने के साथ पदोन्नति संबंधी मांगों पर भी सकारात्मक निर्णय लिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि संगठन शिक्षकों के हितों से जुड़े मुद्दों को लगातार उठाता रहेगा।
ज्ञापन सौंपने वालों में विवेक प्रताप सिंह, विजय, प्रवीण श्रीवास्तव, संजय यादव, अश्विनी पाण्डेय, विजय यादव, अनिल पाठक, सुरेश गौड़, नवीन सिंह, बृजेश त्रिपाठी, सनद पटेल, राम सुरेश, अनुराग श्रीवास्तव, गौरी नंदन शुक्ल, पवन कुमार, देवमणि त्रिपाठी, हरेंद्र यादव, मुरलीधर, अखिलेश पाण्डेय, मंगला मौर्य, राम ललित, विजय राव और बब्बन पाण्डेय सहित अन्य शिक्षक शामिल रहे।

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