वॉयस ऑफ बस्ती संवाददाता
बस्ती। श्रावण मास में भगवान शिव की आराधना के साथ रुद्राभिषेक, कांवड़ यात्रा, रुद्र स्तवन और जलाभिषेक के माध्यम से श्रद्धालु अपने परिवार, समाज और देश के कल्याण की कामना करते हैं। इसी क्रम में आर्य समाज द्वारा सावन माह में आमजन को वेद ज्ञान और वैदिक संस्कृति से परिचित कराने के लिए विभिन्न धार्मिक एवं आध्यात्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
आर्य समाज नई बाजार बस्ती में आयोजित वैदिक यज्ञ एवं सत्संग कार्यक्रम में आर्य समाज के प्रधान ओम प्रकाश आर्य ने कहा कि श्रावण मास मुख्य रूप से वेद कथा सुनने और सुनाने का महापर्व है। यह परंपरा वैदिक काल से चली आ रही है। आर्य समाज आदर्श समाज के निर्माण के लिए अविद्या के नाश और विद्या की वृद्धि के उद्देश्य से निरंतर कार्य कर रहा है।
उन्होंने कहा कि वेद सभी सत्य विद्याओं की पुस्तक है। वेदों के गूढ़ रहस्यों को सरल भाषा और भजनों के माध्यम से आमजन तक पहुंचाने का कार्य संत-महात्माओं और विद्वानों द्वारा किया जाता है। इससे लोगों को अपनी गौरवमयी वैदिक संस्कृति और जीवन मूल्यों को समझने का अवसर मिलता है।
कार्यक्रम में यज्ञ कराते हुए योगाचार्य गरुण ध्वज पाण्डेय और शिक्षक नितीश कुमार ने लोगों से श्रावण मास में यज्ञ, योग, तप, स्वाध्याय और दान का अनुष्ठान करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि इन साधनाओं से समाज में सात्विक विचारधारा और आपसी सामंजस्य का वातावरण विकसित होता है, जिससे आदर्श समाज के निर्माण का मार्ग प्रशस्त होता है।
इस अवसर पर उपस्थित श्रद्धालुओं ने शिवशंकल्प मंत्रों के साथ यज्ञ में आहुतियां देकर लोककल्याण की कामना की। कार्यक्रम में अरविन्द साहू, कार्तिकेय, कार्तिक, कृष्णा, गणेश आर्य, धर्मेंद्र कुमार, शिव श्याम, रजनीश कुमार, नवल किशोर चौधरी, राजेश्वरी, रिमझिम, दृष्टि मोदनवाल, परी, पुनीत राज, शुभम राजभर, हिमांशु, ऋषि कुमार, महिमा, राधा देवी, नंदिनी, निधि और अर्पिता सहित अनेक लोग उपस्थित रहे।

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