गोरखपुर। ज्येष्ठ मास इस वर्ष आस्था और श्रद्धा के अद्भुत संयोग के साथ विशेष महत्व लिए हुए है। विद्वत् जनकल्याण समिति के महामंत्री एवं श्री हनुमत् ज्योतिष सेवा संघ के संस्थापक ज्योतिषाचार्य पंडित बृजेश पाण्डेय के अनुसार, अधिकमास (पुरुषोत्तम मास) के कारण इस बार ज्येष्ठ मास में कुल आठ मंगलवार पड़ रहे हैं, जो एक दुर्लभ और अत्यंत पुण्यदायी संयोग माना जा रहा है।
धार्मिक मान्यता के अनुसार, ज्येष्ठ मास के मंगलवार को ही भगवान श्रीराम और उनके परम भक्त हनुमान जी का प्रथम मिलन हुआ था। इसी कारण इस माह के प्रत्येक मंगलवार को ‘बड़ा मंगल’ के रूप में श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया जाता है।
पंडित पाण्डेय ने बताया कि ‘बड़ा मंगल’ के दिन हनुमान जी का विधिवत षोडशोपचार पूजन कर चना-गुड़ का भोग लगाना, शीतल जल अर्पित करना और हनुमान चालीसा, सुंदरकांड तथा हनुमान बाहुक का पाठ करना अत्यंत फलदायी होता है। भजन-कीर्तन और सत्संग से वातावरण भक्तिमय बनता है और मन को शांति मिलती है।
उन्होंने यह भी कहा कि इस पावन अवसर पर जरूरतमंदों, गरीबों और असहायों को जल, फल, मिठाई व अन्य सामग्री का वितरण करना विशेष पुण्य प्रदान करता है।
इस वर्ष ‘बड़ा मंगल’ 5 मई, 12 मई, 19 मई, 26 मई, 2 जून, 9 जून, 16 जून और 23 जून को श्रद्धा के साथ मनाया जाएगा।

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