वॉयस ऑफ बस्ती संवाददाता
बस्ती। आर्य समाज नई बाजार बस्ती के साप्ताहिक सत्संग में वैदिक यज्ञ के उपरांत मथुरा में विख्यात गौसेवक चंद्रशेखर उर्फ “फरसा वाले बाबा” की संदिग्ध मृत्यु की उच्चस्तरीय जांच की मांग उठाई गई। इस अवसर पर प्रधान ओम प्रकाश आर्य ने गहरा शोक व्यक्त करते हुए घटना को अत्यंत दुखद और चिंताजनक बताया।
उन्होंने कहा कि मथुरा जैसी पावन भूमि, जहां भगवान श्रीकृष्ण ने गौ-सेवा और करुणा का संदेश दिया, वहीं एक संत की इस प्रकार मौत पूरे समाज को झकझोरती है। आरोप है कि गौ-तस्करों द्वारा वाहन से कुचलकर उनकी हत्या की गई, जो कानून व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़ा करता है।
ओम प्रकाश आर्य ने कहा कि यह केवल एक व्यक्ति की मृत्यु नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति और मूल्यों पर आघात है। उन्होंने दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी, फास्ट ट्रैक कोर्ट में सुनवाई और कठोरतम दंड की मांग की। साथ ही उन्होंने गौ-तस्करी पर प्रभावी रोक लगाने के लिए सख्त कानून और उनके कड़ाई से पालन की आवश्यकता पर बल दिया।
उन्होंने समाज से भी जागरूक और संगठित होने का आह्वान करते हुए कहा कि गौ-रक्षा केवल सरकार की नहीं, बल्कि सभी की जिम्मेदारी है। कार्यक्रम में नितीश कुमार, गणेश आर्य, गरुण ध्वज पाण्डेय, विश्वनाथ, उपेन्द्र आर्य, शिव श्याम, रजनीश चौधरी, धर्मेंद्र कुमार, रिमझिम, अरविन्द साहू सहित अनेक लोग उपस्थित रहे।

No comments:
Post a Comment