वाराणसी। पत्र सूचना कार्यालय द्वारा ‘काशी तमिल संगमम 4.0’ के क्रम में शुक्रवार को वाराणसी में ‘वार्तालाप कार्यक्रम’ (मीडिया कार्यशाला) का आयोजन किया गया, जिसमें करीब 100 पत्रकारों ने भाग लिया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उत्तर प्रदेश सरकार के आयुष, खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दयाशंकर मिश्र ‘दयालु’ तथा विशिष्ट अतिथि के रूप में मंडलायुक्त एस. राजलिंगम उपस्थित रहे।
कार्यशाला में काशी हिंदू विश्वविद्यालय के प्रोफेसर प्रभाकर सिंह, काशी पत्रकार संघ अध्यक्ष अरुण मिश्रा, बैंक ऑफ़ बड़ौदा के उप महाप्रबंधक मनोज कुमार बख्शी तथा पीआईबी के निदेशक दिलीप कुमार शुक्ल ने भी भाग लिया।
मंत्री दयालु ने कहा कि ‘काशी तमिल संगमम’ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सोच का परिणाम है, जिसके माध्यम से उत्तर एवं दक्षिण भारत की सांस्कृतिक परंपराओं को पुनर्जीवित किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि बीते चार वर्षों में काशी में 26 करोड़ से अधिक श्रद्धालु एवं पर्यटक पहुंचे हैं, जो काशी की सांस्कृतिक पहचान को मजबूत करता है।
मंडलायुक्त एस. राजलिंगम ने कार्यक्रम को एकता और अखंडता का प्रतीक बताते हुए कहा कि यह सदियों पुरानी सांस्कृतिक परंपरा को आधुनिक रूप में सामने लाता है। कार्यशाला में केंद्रीय योजनाओं, बाल विवाह मुक्त भारत अभियान और बैंकों में अनक्लेम्ड एसेट्स के निस्तारण जैसे विषयों पर भी विस्तृत चर्चा हुई।
अंत में पीआईबी निदेशक दिलीप कुमार शुक्ल और केंद्रीय संचार ब्यूरो के आरपीओ जय सिंह ने सभी अतिथियों व पत्रकारों का आभार व्यक्त किया।


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