<!--Can't find substitution for tag [blog.voiceofbasti.page]--> - Voice of basti

Voice of basti

सच्ची और अच्छी खबरें

Breaking

वॉयस ऑफ बस्ती में आपका स्वागत है विज्ञापन देने के लिए सम्पर्क करें 9598462331

Saturday, July 18, 2026

गोरखपुर विश्वविद्यालय में 'प्रोफेसर ऑफ प्रैक्टिस' बने सांसद रवि किशन, पहले व्याख्यान में छात्रों को दिया सफलता का मंत्र


गोरखपुर। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय में राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी-2020) के तहत 'प्रोफेसर ऑफ प्रैक्टिस' योजना के अंतर्गत सांसद एवं अभिनेता रवि किशन शुक्ला ने शनिवार को ललित कला एवं संगीत विभाग में कार्यभार ग्रहण किया। इस अवसर पर उन्होंने विद्यार्थियों को अपना पहला व्याख्यान देते हुए आत्मविश्वास, सकारात्मक सोच और निरंतर सीखने को सफलता की सबसे बड़ी कुंजी बताया।
अपने संबोधन में रवि किशन ने संघर्षपूर्ण जीवन का उल्लेख करते हुए कहा कि यदि व्यक्ति में दृढ़ संकल्प और आत्मविश्वास हो तो कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं है। उन्होंने कहा, "मैं मिट्टी के घर से निकलकर आज संसद तक पहुंचा हूं। यह यात्रा लगातार मेहनत, संघर्ष और अपनी कला के प्रति समर्पण का परिणाम है।"
उन्होंने विद्यार्थियों से अपनी प्रतिभा पर भरोसा रखने, नियमित अभ्यास करने और हर अवसर का पूरा लाभ उठाने का आह्वान किया। साथ ही कहा कि गोरखपुर के युवाओं में अपार प्रतिभा है और उन्हें राष्ट्रीय तथा अंतरराष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाने के लिए वह हरसंभव सहयोग करेंगे।
रवि किशन ने कहा कि वह 'प्रोफेसर ऑफ प्रैक्टिस' की जिम्मेदारी पूरी गंभीरता से निभाएंगे। उन्होंने कक्षाओं में नियमित उपस्थिति, अनुशासन और गुणवत्तापूर्ण शिक्षण पर विशेष जोर देते हुए विद्यार्थियों से नियमित रूप से कक्षाओं में भाग लेने की अपील की।
कार्यक्रम में विभागाध्यक्ष एवं अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रो. अनुभूति दुबे ने उनका स्वागत करते हुए कहा कि रवि किशन जैसे प्रतिष्ठित कलाकार का विश्वविद्यालय से जुड़ना विद्यार्थियों के लिए प्रेरणादायी अवसर है। उनके अनुभव छात्रों के व्यक्तित्व विकास और व्यावसायिक कौशल को नई दिशा देंगे।
व्याख्यान के बाद आयोजित प्रश्नोत्तर सत्र में विद्यार्थियों ने अभिनय, कला, करियर और सफलता से जुड़े विभिन्न प्रश्न पूछे, जिनका रवि किशन ने विस्तार से उत्तर दिया। इस अवसर पर प्रो. उषा सिंह, डॉ. गौरी शंकर चौहान, डॉ. प्रदीप साहनी, डॉ. प्रदीप राजोरिया सहित विभाग के शिक्षक, शोधार्थी और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।

No comments:

Post a Comment

Pages