गोरखपुर। साइबर अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए चलाए जा रहे अभियान "साइबर वज्र" के तहत कोतवाली पुलिस और साइबर टीम ने फर्जी लोन दिलाने के नाम पर लोगों से ठगी करने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके कब्जे से 6 मोबाइल फोन, 10 एटीएम कार्ड, 6 सिम कार्ड और 1500 रुपये नकद बरामद किए हैं।
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मंजीत कुमार निवासी नवादा (बिहार) तथा विजय विश्वकर्मा निवासी कुशीनगर के रूप में हुई है। दोनों के खिलाफ थाना कोतवाली में दर्ज मुकदमा संख्या 146/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4) तथा आईटी एक्ट की धारा 66-डी में कार्रवाई की गई है।
जांच में सामने आया कि आरोपियों ने एक महिला को फाइनेंस कंपनी में नौकरी दिलाने का झांसा देकर उसके नाम पर सिम कार्ड और यूको बैंक में खाता खुलवाया। इसके बाद सिम और एटीएम कार्ड अपने कब्जे में रखकर उसी खाते का इस्तेमाल साइबर ठगी के लिए किया। आरोपी लोगों को लोन दिलाने का झांसा देकर विभिन्न शुल्क के नाम पर रकम जमा कराते थे और एटीएम के जरिए नकदी निकाल लेते थे। बाद में पीड़ितों का मोबाइल नंबर ब्लॉक कर संपर्क समाप्त कर देते थे।
पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे फर्जी लोन कंपनी का पेज बनाकर मेटा विज्ञापनों के माध्यम से प्रचार करते थे। लोन के इच्छुक लोगों से संपर्क कर खुद को कंपनी का कर्मचारी बताते हुए फर्जी पहचान पत्र भेजते और रजिस्ट्रेशन व इंश्योरेंस शुल्क के नाम पर रकम वसूलते थे।
पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर आवश्यक विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है। अभियान में कोतवाली पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

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