गोरखपुर। रेल, सूचना एवं प्रसारण और इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने आज वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से दोहरीघाट-औंड़िहार पैसेंजर ट्रेन को वर्चुअली हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह शुभारंभ समारोह उत्तर प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री अरविंद कुमार शर्मा, संसद सदस्य राजीव राय और अन्य गणमान्य व्यक्तियों तथा रेलवे के वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में आयोजित किया गया।
यह कदम उत्तर प्रदेश के पूर्वांचल क्षेत्र में रेल कनेक्टिविटी और यात्रियों की सुविधा को बेहतर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। यह नई रेल सेवा रेल यात्रियों की सुविधा और मऊ तथा गाजीपुर जिलों के लोगों की सीधी दैनिक कनेक्टिविटी की लंबे समय से चली आ रही मांग को ध्यान में रखते हुए शुरू की गई है।
औंड़िहार-दोहरीघाट-औंड़िहार मेमू ट्रेन अपने मार्ग में सादात, जखनियाँ, दुल्लहपुर, मऊ, इंदारा, कोपागंज, घोसी, अमिला और मुरादपुर स्टेशनों पर रुकेगी। इस ट्रेन का विस्तार जल्द ही वाराणसी तक किया जाएगा। जिसे इस मार्ग पर दैनिक यात्रियों और अन्य यात्रियों को आरामदायक और सुविधाजनक यात्रा प्रदान करने के लिए डिज़ाइन किया गया है।
एक महत्वपूर्ण घोषणा करते हुए, रेल मंत्री श्री वैष्णव ने कहा कि नई शुरू की गई औंड़िहार-दोहरीघाट- औंड़िहार मेमू सेवा का विस्तार वाराणसी तक किया जाएगा। इस विस्तार से वाराणसी के सांस्कृतिक और वाणिज्यिक केंद्र से सीधी कनेक्टिविटी मिलेगी, जिससे दैनिक यात्रियों, छात्रों, व्यापारियों और तीर्थ यात्रियों को लाभ होगा, और साथ ही पूरे पूर्वी उत्तर प्रदेश में रेल पहुंच और मजबूत होगी।
यह नई रेल सेवा मऊ, गाजीपुर और आसपास के क्षेत्रों के यात्रियों को सीधी, किफायती, सुरक्षित और आरामदायक दैनिक रेल यात्रा प्रदान करेगी। इस ट्रेन से औंड़िहार-दोहरीघाट गलियारे (कॉरिडोर) पर स्थित कस्बों और गांवों के निवासियों को सीधे तौर पर लाभ होगा। यह सेवा पर्यटन, स्थानीय व्यापार, शिक्षा और रोजगार को बढ़ावा देगी, और उम्मीद है कि यह इस क्षेत्र के लोगों की लंबे समय से लंबित मांग को पूरा करेगी।
दोहरीघाट में एक जनसभा को वर्चुअली संबोधित करते हुए, श्री वैष्णव ने दोहरीघाट को गहरे धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व का स्थान बताया, जो भगवान श्री राम से जुड़ा है और जिसे भगवान श्री परशुराम जी के मिलन स्थल के रूप में पूजा जाता है। पूर्वांचल और दिल्ली को जोड़ने वाली नई एक्सप्रेस ट्रेन पूर्वांचल क्षेत्र से दिल्ली के लिए बेहतर कनेक्टिविटी की लंबे समय से चली आ रही मांग को पूरा करते हुए, श्री वैष्णव ने उत्तरी गंगा कॉरिडोर के रास्ते एक नई एक्सप्रेस ट्रेन शुरू करने की घोषणा की। यह ट्रेन छपरा, बलिया, मऊ, आजमगढ़, शाहगंज, जौनपुर, सुल्तानपुर, लखनऊ, कानपुर, अलीगढ़, गाजियाबाद, आनंद विहार को आपस में जोड़ेगी। उन्होंने वहां मौजूद लोगों को आश्वासन दिया कि यह सेवा जल्द ही शुरू की जाएगी।
श्री वैष्णव ने बताया कि इंदारा-दोहरीघाट मीटर गेज लाइन 1904 में, यानी 100 साल से भी पहले बनाई गई थी, लेकिन इसके गेज परिवर्तन के लिए तब तक इंतज़ार करना पड़ा जब तक प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने पदभार नहीं संभाला। उन्होंने कहा कि 2014 के बाद, पूरे देश में रेलवे के कई लंबे समय से अटके प्रोजेक्ट्स को हाथ में लिया गया, जिनमें गेज परिवर्तन के काम, दोहरीकरण के काम और कई अधूरे प्रोजेक्ट्स शामिल थे। इंदारा-दोहरीघाट लाइन को ब्रॉड गेज में बदल दिया गया, जिससे पूर्वी उत्तर प्रदेश को नई रेल सुविधाएँ मिलीं। रेल मंत्री ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिसंबर 2023 में इस नई बदली हुई लाइन पर रेल सेवाओं को हरी झंडी दिखाई थी।
केंद्रीय मंत्री ने बताया कि 2014 में उत्तर प्रदेश के लिए रेलवे बजट का आवंटन केवल 1,109 करोड़ था। 2014 के बाद, यह आवंटन बढ़कर लगभग 20,012 करोड़ हो गया। उन्होंने आगे कहा कि पूरे उत्तर प्रदेश में इस समय लगभग 1.2 लाख करोड़ के रेलवे प्रोजेक्ट्स चल रहे हैं। रेलवे विकास का यह पैमाना राज्य के इतिहास में पहले कभी नहीं देखा गया।
श्री वैष्णव ने उत्तर प्रदेश में चल रहे रेलवे के कई बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि गंगा के दक्षिण में, प्रयागराज-कानपुर-आगरा-दिल्ली मार्ग पर एक प्रमुख चार-लाइन वाला कॉरिडोर विकसित किया गया है। इसी तरह, गंगा के उत्तर में भी एक विशाल चार-लाइन वाला रेलवे कॉरिडोर विकसित किया जा रहा है, जो दिल्ली को गाजियाबाद, मुरादाबाद, बरेली, सीतापुर, गोंडा और गोरखपुर होते हुए बिहार और पूर्वाेत्तर राज्यों से जोड़ेगा।
मंत्री ने इस क्षेत्र में इस समय उत्तर प्रदेश में चल रहे नई लाइन और मल्टीट्रैकिंग के निम्नलिखित प्रोजेक्ट्स की सूची पर प्रकाश डालते हुए कहा की -
छितौनी-तमकुही रोड नई लाइन, आनंद नगर-घुघली नई लाइन, सहजनवा-दोहरीघाट नई लाइन, बहराइच-खलीलाबाद नई लाइन, गोरखपुर-वाल्मीकि नगर दोहरीकरण, बुढ़वल-गोंडा तीसरी लाइन, कटरा-अयोध्या दोहरीकरण, औंड़िहार-वाराणसी तीसरी लाइन, मथुरा-झाँसी तीसरी लाइन, आगरा फोर्ट-बांदीकुई दोहरीकरण, चोपन-चुनार दोहरीकरण, और प्रयागराज-मानिकपुर तीसरी लाइन निर्माण परियोजनाएं चल रही है।
श्री वैष्णव ने यह भी बताया कि वाराणसी में पुराना मालवीय पुल काफी पुराना हो चुका है, इसलिए उसके समानांतर एक नया पुल बनाया जा रहा है, जिसके निचले डेक पर चार रेलवे लाइनें और ऊपरी हिस्से पर छह-लेन का हाईवे होगा। यह निर्माणाधीन पुल गंगा नदी पर नमो घाट के पास स्थित है। श्री वैष्णव ने कहा कि ये परियोजनाएं उत्तर प्रदेश के रेलवे मानचित्र को पूरी तरह से बदल देंगी और भविष्य में कम से कम 500 नई ट्रेनों के संचालन को संभव बनाएंगी।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश में 157 अमृत भारत स्टेशनों का विकास किया जा रहा है, जिनमें से 28 स्टेशनों पर काम पहले ही पूरा हो चुका है। पूर्वांचल क्षेत्र में, मऊ, गाजीपुर सिटी और दिलदारनगर स्टेशनों पर पुनर्विकास का काम चल रहा है।
श्री वैष्णव ने कहा कि कोविड के बाद उत्तर प्रदेश में लगभग 58 नई ट्रेन सेवाएं शुरू की गई हैं और 568 नये ठहराव प्रदान किये गये। उन्होंने बताया कि वर्तमान में उत्तर प्रदेश में 40 अमृत भारत एक्सप्रेस सेवाएं और 32 वंदे भारत सेवाएं संचालित हो रही हैं।
रेल मंत्री ने यह भी घोषणा की कि स्थान 14सी, 25सी और 27सी पर अंडरपास के निर्माण का काम तेज गति से किया जाएगा। उन्होंने रेलवे अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे इस काम को रिकॉर्ड समय में पूरा करें।
श्री वैष्णव ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने इस वर्ष के बजट में उत्तर प्रदेश के लिए एक बुलेट ट्रेन कॉरिडोर की घोषणा की है, और इस पर काम तेजी से आगे बढ़ रहा है।
मंत्री ने कहा कि दिल्ली-लखनऊ-वाराणसी-पटना-सिलीगुड़ी को जोड़ने वाला प्रस्तावित बुलेट ट्रेन नेटवर्क, पूर्वाेत्तर के ‘अष्ट लक्ष्मी’ राज्यों के साथ कनेक्टिविटी को मज़बूत करेगा और ‘विकसित उत्तर प्रदेश’ तथा ‘विकसित भारत’ के विज़न को साकार करेगा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि बुलेट ट्रेन मध्यम वर्ग और आम नागरिकों के लिए किफायती रहेगी, और एक विकसित भारत की मज़बूत नींव के रूप में काम करेगी।
दोहरीघाट रेलवे स्टेशन पर आयोजित समारोह में नगर विकास, शहरी समग्र विकास, नगरीय रोजगार एवं गरीबी उन्मूलन, ऊर्जा एवं अतिरिक्त ऊर्जा स्रोत मंत्री, उत्तर प्रदेश श्री अरविन्द कुमार शर्मा ने दोहरीघाट-औंड़िहार नई मेमू ट्रेन के संचलन के लिए माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी एवं माननीय रेल मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव जी के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस गाड़ी के संचलन से क्षेत्रीय जनता को किफायती एवं आरामदेह यात्रा सुविधा उपलब्ध हो जायेगी। श्री शर्मा ने क्षेत्रीय रेल संबंधित मांगों की ओर माननीय रेल मंत्री का ध्यान आकृष्ट किया। माननीय सांसद (घोसी) श्री राजीव राय ने कहा कि नई मेमू ट्रेन के संचलन के लिए रेल मंत्री श्री अश्विन वैष्णव को साधुवाद देते हुए क्षेत्रीय रेल संबंधित मांगों पर प्रकाश डाला।
महाप्रबंधक, पूर्वाेत्तर रेलवे उदय बोरवणकर ने रेल मंत्री सहित सभी अतिथियों का स्वगत करते हुए कहा कि क्षेत्रीय जनता की बहुप्रतीक्षित मांग को ध्यान में रखते हुए आज रेल मंत्री श्री अष्विनी वैष्णव जी द्वारा हरी झंडी दिखाकर इस मेमू ट्रेन का शुभारम्भ किया जा रहा है। इस ट्रेन के संचलन से क्षेत्र के लोगो को किफायती, आरामदेह एवं संरक्षित यात्रा सुविधा मिलेगी। इससे छात्रों, किसानों एवं व्यावसायियों को काफी सुविधा होगी तथा क्षेत्रीय कृषि उत्पादों को बाजार मिलने से रोजगार के अवसर सृजित होंगे तथा क्षेत्र के सामाजिक, सांस्कृतिक एवं आर्थिक विकास को गति मिलेगी। इस अवसर पर भारी संख्या में क्षेत्रीय जनता उपस्थित थी।
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