2013 बैच के आईपीएस अधिकारी कुंवर अनुपम सिंह इससे पहले सुल्तानपुर और अमरोहा जनपद में पुलिस अधीक्षक के पद पर अपनी सेवाएं दे चुके हैं। मूल रूप से प्रयागराज जिले के निवासी कुंवर अनुपम सिंह प्रशासनिक और फील्ड अनुभव के लिए जाने जाते हैं। स्नातकोत्तर की पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्होंने कंप्यूटर साइंस (इन्फॉर्मेशन फाइबर ऑप्टिज्म) में सॉफ्टवेयर इंजीनियरिंग की डिग्री प्राप्त की। इसके बावजूद उन्होंने निजी क्षेत्र में नौकरी करने के बजाय सिविल सेवा को अपना लक्ष्य बनाया। कुंवर अनुपम सिंह ने वर्ष 2011 में पहली बार सिविल सेवा परीक्षा दी, लेकिन सफलता नहीं मिली। इसके बाद उन्होंने दिल्ली में कोचिंग लेकर 2012 में प्री और मेंस परीक्षा उत्तीर्ण की और आईपीएस कैडर के लिए चयनित हुए।
उनकी ट्रेनिंग हैदराबाद में हुई। प्रशिक्षण के दौरान वॉलीबॉल खेलते समय उनके पैर में फ्रैक्चर हो गया था, जिससे उन्हें लगभग एक महीने तक बिस्तर पर रहना पड़ा। ट्रेनिंग पूर्ण होने के बाद उनकी पहली पोस्टिंग मथुरा में बतौर अपर पुलिस अधीक्षक (एएसपी) हुई। मथुरा में कार्यभार संभालने के महज तीन महीने बाद दाे जून 2016 को चर्चित जवाहरबाग कांड हुआ। इस बड़े ऑपरेशन में कुंवर अनुपम सिंह को भी लगाया गया था। उस दौरान उन्होंने कई पुलिसकर्मियों को गोली लगते देखा और स्वयं भी गोली लगने से बाल-बाल बचे। इस घटना ने उनके पुलिस करियर को नई पहचान दी।
No comments:
Post a Comment