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Friday, September 5, 2025

सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ सेन्ट्रल एकेडमी में मनाया गया शिक्षक दिवस


बस्ती। सेन्ट्रल एकेडमी में शिक्षक दिवस का पर्व उत्साह और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ मनाया गया। निदेशक जय प्रकाश  तिवारी ने छात्रों को सम्बोधित करते हुये कहा कि गुरु-शिष्य परंपरा भारत की संस्कृति का एक अहम और पवित्र हिस्सा है। जीवन में माता-पिता का स्थान कभी कोई नहीं ले सकता, क्योंकि वे ही हमें इस रंगीन खूबसूरत दुनिया में लाते हैं। कहा जाता है कि जीवन के सबसे पहले गुरु हमारे माता-पिता होते हैं। भारत में प्राचीन समय से ही गुरु व शिक्षक परंपरा चली आ रही है, लेकिन जीने का असली सलीका हमें शिक्षक ही सिखाते हैं। सही मार्ग पर चलने के लिए प्रेरित करते हैं।
निदेशिक सीमा तिवारी, सहायक निदेशक अनुज तिवारी ने कहा कि शिक्षक दिवस पूर्व राष्ट्रपति डा. सर्वपल्ली राधाकृष्णन को याद करने का दिन है जिन्होने अपना जन्म दिन गुरूजनों को समर्पित कर दिया। प्रधानाचार्य दीपिका तिवारी ने कहा कि ‘गुरु’ का हर किसी के जीवन में बहुत महत्व होता है। समाज में भी उनका अपना एक विशिष्ट स्थान होता है। सर्वपल्ली राधाकृष्णन शिक्षा में बहुत विश्वास रखते थे। वे एक महान दार्शनिक और शिक्षक थे। उन्हें अध्यापन से गहरा प्रेम था। एक आदर्श शिक्षक के सभी गुण उनमें विद्यमान थे।
 इस अवसर पर छात्रों ने गुरूजनों के चरणों में श्रद्धा अर्पित कर उन्हें उपहार भेंट किया। निदेशक जे.पी. तिवारी ने गुरूजनों को विशेष उपहार देते हुये कहा कि इनके सहयोग और समर्पण के बिना विद्यालय चलाना असंभव है। कार्यक्रम में आबिद अरशद,  द्विजेन्द्र मिश्र, ऋषिका यादव, प्रियंका त्रिपाठी, ए.के. मिश्र, प्रिया राय, रानी, प्रतिमा, शिखा, महेश पाण्डेय, रूचि , जैबी आदि ने छात्रों को शिक्षक दिवस के महत्व की जानकारी दिया।छात्र-छात्राओें मानसी, राजश्री तिवारी,  रौनक, शिवाकान्त, फरहान, अभिज्ञान बाल्मीकि, हर्षित दूबे, अलका, आराध्या, श्रेया, साक्षी, अंजली, एन्जल, मोहिनी, अलका, आदिति मिश्रा, दिव्यांशी, अन्वी, निषिका, गरिमा, मानसी, खुशी, रौना, शिवाकान्त आदि ने देश भक्ति पर केन्द्रित  सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर मन मोह लिया। 

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